नंदन नीलेकणि

Nandan Nilekaniनंदन नीलेकणि वर्तमान में भारतीय विशिष्‍ट पहचान प्राधिकरण (यूआईडीएआई) – जिसका उद्देश्‍य भारत के सभी निवासियों के लिए एक विशिष्‍ट पहचान संख्‍या प्रदान करना है, के चेयरमैन हैं। इस हैसियत से वे कैबिनेट मंत्री का पद और दर्जा रखते हैं।

शिक्षा:
बैंगलोर में जन्‍मे, नंदन ने 1978 में भारतीय प्रौद्योगिकी संस्‍थान, बॉम्‍बे से इलेक्ट्रिकल इं‍जीनियरिंग में अपनी स्‍नातक डिग्री प्राप्‍त की।

कैरियर विशेषताएं

नंदन हाल ही में इंफोसिस लिमिटेड के निदेशक मंडल के सह-अध्‍यक्ष थे, जिसकी उन्‍होंने 1981 में सह-स्‍थापना की थी। कंपनी की स्‍थापना के समय से जुलाई 2009 तक उन्‍होंने इसमें कंपनी के बोर्ड में निदेशक के रूप में कार्य किया, उन्‍होंने इंफोसिस में मुख्‍य कार्यकारी अधिकारी, प्रबंध निदेशक, अध्‍यक्ष, मुख्‍य परिचालन अधिकारी सहित विभिन्‍न पदों पर कार्य किया।

नंदन ने भारत की नेशनल एसोसिएशन ऑफ साफ्टवेयर एंड सर्विस कम्‍पनीज (एनएएसएससीओएम) तथा दि इंड यूएस इंटरप्रेनर्स (टीआईई) के बैंगलोर चैप्‍टर की सहस्‍थापना की। वह इंडियन काउंसिल फार रिसर्च ऑन इंटरनेशनल इकोनॉमिक रिलेशन्‍स (आईसीआरआईईआर) के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के सदस्‍य और एनसीएईआर (नेशनल काउंसिल फॉर एप्‍लाइड इको‍नॉमिक रिसर्च, इंडिया) के अध्‍यक्ष हैं।

नंदन कई राष्‍ट्रीय और अंतरराष्‍ट्रीय बोर्डों में कार्य करते हैं: बोर्ड ऑफ रायटर्स में जनवरी 2007 से गैर कार्यकारी सदस्‍य के रूप में, दि कॉन्‍फ्रेंस बोर्ड, इन्‍कॉर्पोरेशन के उपाध्‍यक्ष, पीटरसन इंस्‍टीट्यूट फॉर इंटरनेशनल इकोनॉमिक्‍स के बोर्ड ऑफ डायरेक्‍टर्स और इंडियन काउंसिल फॉर रिसर्च ऑन इंटरनेशनल इकोनॉमिक रिलेशन्‍स (आईसीआरआईईआर) के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स। वह आईआईटी बॉम्‍बे हेरिटेज फंड के सह-अध्‍यक्ष के रूप में कार्य करते हैं और आईआईटी बॉम्‍बे के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के सदस्‍य हैं।

इसके अतिरिक्‍त, वे नेशनल नॉलेज कमीशन के सदस्‍य और ई-गवर्नेंस पर राष्‍ट्रीय सलाहकार समूह का हिस्‍सा हैं। वह जवाहरलाल नेहरू राष्‍ट्रीय शहरी नवीकरण मिशन (जेएनएनयूआरएम) की समीक्षा समिति के भी सदस्‍य हैं। उन्‍हें केंद्र तथा राज्‍य सरकारों के विभिन्‍न उपक्रमों में शामिल किया गया है तथा वे पॉवर सेक्‍टर के लिए भारत सरकार के आईटी टास्‍क फोर्स के चेयरमैन थे। इसके अलावा उन्‍होंने भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड जो अंतरंगी लेनदेन से संबंधित मुद्दों की चर्चा करता है, की उपसमिति के सदस्‍य और कंपनी प्रशासन पर रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के सलाहकार समूह के सदस्‍य के रूप में कार्य किया है।

पुरस्‍कार और सम्‍मान

सीएनबीसी द्वारा आयोजित एशिया बिजनेस लीडर्स  अवार्ड (2004) में नंदन को कॉर्पोरेट सिटिजन ऑफ दि इयर के लिए नामित किया गया था। वर्ष 2005 में, उन्‍हें अर्थव्‍यवस्‍था, आर्थिक विज्ञान और रा‍जनीति में नवीन सेवाओं के लिए प्रतिष्ठित जोसेफ शम्‍पीटर पुरस्‍कार प्रदान किया गया। तत्‍पश्‍चात 2006 में, उन्‍हें भारत के सर्वोच्‍च नागरिक सम्‍मान में से एक पद्म भूषण से सम्‍मानित किया गया। उसी वर्ष उन्‍हें फोर्ब्‍स एशिया द्वारा बिजनेस ऑफ दि इयर के लिए भी नामित किया गया था। टाइम पत्रिका ने 2006 और 2009 में उन्‍हें 100 सबसे प्रभावशाली लोगों में से एक के रूप में सूचीबद्ध किया।